Monday, September 21

Day: May 20, 2020

वट सावित्री,की हार्दिक शुभकामनाएँ
Uncategorized, इतिहास की गाथा, कहानी, लाइफ स्टाइल, विविध

वट सावित्री,की हार्दिक शुभकामनाएँ

वट अमावस्या को वट सावित्री के नाम से भी जाना जाता है। अपने पतियों की लंबी उम्र, सलामती और खुशहाली के लिये उत्तर भारत के कई हिस्सों में विवाहित महिलायें इस व्रत का पालन करती है। सावित्री की कहानी पर आधरित यह दिन मृत्यु के देवता यमराज से अपने पति को वापस लाने की एक पत्नी की दृढ़ की इच्छाशक्ति के बारे में है। यह ज्येष्ठ महीने की त्रयोदशी को शुरू होता है और पूर्णिमा पर खत्म होता है। वट सावित्री सती की कथा के बारे में बताते हुए, एण्ड टीवी के ‘संतोषी मां सुनाएं व्रत कथाएं’ में संतोषी मां की भूमिका निभा रहीं, ग्रेसी सिंह ने कहा, ‘‘महान सती के रूप में ख्यात यह दिन सावित्री के अपने पति के प्रति अगाध समर्पण का है। अश्वपति की बेटी को सत्यवान से प्रेम हो जाता है और यह जानते हुए कि उसका जीवनकाल छोटा है फिर भी उससे शादी कर लेती है। शादी के बाद वह हर दिन अपने पति की लंबी आयु के लिये प्रार्थना करना शु...
विद्युत जामवाल ने कहा, ‘‘आज भी जब मैं बाहर जाता हूं तो लोग मुझे कमांडो कहकर बुलाते हैं‘‘
Uncategorized, राज्य समाचार, लाइफ स्टाइल, विविध

विद्युत जामवाल ने कहा, ‘‘आज भी जब मैं बाहर जाता हूं तो लोग मुझे कमांडो कहकर बुलाते हैं‘‘

सबसे शानदार एक्शन थ्रिलर फ्रेंचाइज़ी मानी जाने वाली फिल्म कमांडो 3 एक चुस्त और दमदार एक्शन फिल्म है। यह इस सीरीज़ की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म भी है। अपनी अविश्वसनीय शारीरिक क्षमता दर्शाते हुए विद्युत जामवाल ने कमांडो करणवीर सिंह डोगरा के रोल में अपना सफर जारी रखा है, जिसमें वो एक पक्के देशभक्त यानी कि एक भारतवादी बने हैं। आदित्य दत्त के निर्देशन में बनी कमांडो 3 में अदा शर्मा, भावना रेडी के किरदार में और गुलशन देवैया खलनायक बुराक अंसारी के रोल में हैं। जहां ज़ी सिनेमा पर 31 मई को दोपहर 12 बजे, इस फिल्म का वल्र्ड टेलीविजन प्रीमियर होने जा रहा है, वहीं यह चैनल घर में रहने और खुद को सुरक्षित रखने के महत्व पर रोशनी डालते हुए यह संदेश दे रहा है कि ऐसा करके हर कोई एक कमांडो बन सकता है। इस मौके पर विद्युत जामवाल ने एक खास बातचीत की। यह इस एक्शन थ्रिलर फ्रैंचाइज़ की तीसरी फिल्म है। ऐसे...
धन्यवाद मध्यप्रदेश
गंजबासौदा, देश विदेश, भोपाल संभाग, राजधानी समाचार, राज्य समाचार, रायसेन, विदिशा, संपादकीय

धन्यवाद मध्यप्रदेश

कोरोना काल का सबसे बेकार रुप रहा मजदूरों का पलायन, राज्य सरकारों की नाकामी का परिणाम देश की भोलीभाली जनता ने सहा, उन्हें अपने घर पहचनें की बढी लम्बी कीमत चुकानी पडी पैरों मे छाले भूख से बेहाल ,लम्बी डगर ओर भीषण गर्मी उसी पर घटिया किस्म की राजनीति। कोई महाराष्ट्र से तो कोई गुजरात से तो कोई राजिस्थान से मध्यप्रदेश की ओर पलायन कर रहे थे इन्हीं मुसीबतों के बीच यात्रा सबकी ऐसी ही रही। पर जव यह सुना की मध्यप्रदेश मे प्रवेश करते ही अन्य राज्यों की तुलना मे ज्यादा सख्ती नहीं थी ,पुलिस का व्यवहार भी सराहनीय रहा ओर सबसे से ज्यादा सुकून पहुंचने वाली बात तो यह थी ,यहां के लोगों को सेवा भाव वो देखते ही बनता है अन्य राज्यों से कष्ट सहकर मध्यप्रदेश मे मजदूरों ने सुकून महसूस किया ।धन्य है मध्यप्रदेश के सेवाभावी नागरिक जिन्होंने अपना फर्ज निभाया नहीं तो दिल्ली जैसा शहर ने तो मजदूरों को सडकों पर ला...