दिनांक 10 December 2018 समय 5:52 AM
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इंदौर. पुणे की सिम्बॉयोसिस यूनिवर्सिटी प्रस्तावित कैम्पस साइट प्लान मंजूर

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sym_1432077420इंदौर. पुणे की सिम्बॉयोसिस यूनिवर्सिटी के बड़ा बांगड़दा में प्रस्तावित कैम्पस के लिए टाउन एंड कंट्री प्लानिंग ने साइट प्लान मंजूर कर दिया है। प्रशासन और यूनिवर्सिटी को इसकी जानकारी भेज दी है। अब नगर निगम से इसका डिटेल प्लान मंजूर होना बाकी है। निगम को डिटेल प्लान मंजूर करने के एवज में अच्छी खासी फीस भी मिलेगी। इसके अलावा हर साल टैक्स वसूलने के रूप में भी एक बड़ा उपभोक्ता मिलेगा।यूनिवर्सिटी 10 हेक्टेयर (करीब 25 एकड़) में अपना कैम्पस स्थापित करेगी। कैम्पस का 75 फीसदी एरिया ओपन, हरियाली और पार्किंग के लिए रखा गया है। सिर्फ 25 फीसदी जमीन पर बिल्डिंग बनेगी। मुख्य एडमिनिस्ट्रेटिव ब्लॉक भी नौ मीटर से ऊंचा (तीन मंजिला) नहीं होगा।

तीन साल में शुरू होगा काम
टीएंडसीपी से स्वीकृत साइट प्लान की प्रारंभिक वैधता तीन साल की होती है। इसके बाद नवीनीकरण करवाना होता है। इसका मतलब यह कि यूनिवर्सिटी तीन साल के भीतर मौके पर काम शुरू कर देगी। प्रोफेशनल कोर्स के लिए इस यूनिवर्सिटी को पहचाना जाता है। फिलहाल छात्रों को इस यूनिवर्सिटी से कोर्स करने के लिए डिस्टेंस एजुकेशन का सहारा लेना होता है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में यूनिवर्सिटी ने इंदौर में निवेश की इच्छा जताई थी। इसी के बाद पिछले साल बड़ा बांगड़दा में जमीन दी गई थी।
30 साल की लीज मिली है
सिम्बॉयोसिस को नजूल की यह जमीन 30 साल के लिए प्रशासन ने दी है। यूनिवर्सिटी ने इसके लिए 13 करोड़ रुपए सिंगल प्रीमियम के रूप में जमा कराए हैं। इसके अलावा हर साल लीज रेंट के रूप में सरकारी खजाने में 26 लाख रुपए जमा किए जाएंगे। पिछले साल छह जून को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के साथ सिम्बॉयोसिस के पदाधिकारियों ने भूमिपूजन किया था।
दो हजार का स्टाफ रहेगा
कैंपस तैयार होने के बाद यूनिवर्सिटी में करीब दो हजार अधिकारी, कर्मचारियों का स्टाफ रहेगा। प्रबंधन ने 2016 तक काम पूरा करने की बात कही है। परिसर में ही करीब पांच एकड़ में
इंडस्ट्रियल
पार्क भी स्थापित किया जाएगा। यूनिवर्सिटी पहले चरण में लाइफ साइंस से जुड़े कोर्स संचालित करेगी। इसमें यूजी, पीजी, डॉक्टोरल स्तर के कोर्स शामिल रहेंगे। खासबात यह है कि मैरिट के आधार पर यहां एडमिशन मिलेंगे और देश विदेश की ख्यातनाम फैकल्टी पढ़ाने के लिए आएंगी। महिलाओं को सक्षम बनाने के लिए एक कम्युनिटी कॉलेज भी खोले जाने की योजना है। यूनिवर्सिटी का लक्ष्य पांच साल में पांच हजार बच्चों को शिक्षा देना है।
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About Pradeep Rajpoot

Pradeep Rajpoot is a social activist, businessman and editor in chief of Betwa Anchal weekly news paper.
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